सीतामऊ
राष्ट्र-संत महोपाध्याय श्री ललितप्रभ सागर जी महाराज एवं डॉ मुनि श्री शांति प्रिय सागर जी महाराज का 8 फरवरी रविवार को सीतामऊ में भव्य नगर-प्रवेश होगा। उनके नगर पालिका प्रांगण में 8 फरवरी 2026 रविवार रात्रि 7:30 से 9:30 बजे तक जीवन जीने की कला पर दिव्य सत्संग और आध्यात्मिक प्रवचन की ज्ञान गंगा बहेगी। संतगण इस सत्संग के जरिए जन-मानस को जीवन-निर्माण तथा व्यक्तित्व-विकास के बेहतरीन गुर सिखाएंगे। राष्ट्र-संतों की दिव्य साधना, ओजस्वी वाणी और महान चिंतन उनकी सैकड़ों किताबों और हजारों प्रवचनों के जरिए पूरे देश में फैला हुआ है।
कार्यक्रम के आयोजक जैन श्री संघ के अभय ओस्तवाल,डॉक्टर अरविंद ओस्तवाल, प्रदीप बोहरा, अजीत ओस्तवाल, अशोक जी जैन ने बताया कि संतजन सीतामऊ के समस्त श्रद्धालु भाई बहनों के निवेदन पर नगर पालिका प्रांगण में विराट सत्संग एवं प्रवचन आयोजित कर रहे हैं। अब तक देश के 20 राज्यों के लाखों लोग इन राष्ट्र-संतों के प्रभावी प्रवचनों का लाभ उठा चुके हैं। सर्वधर्म सद्भाव से जुड़े इन राष्ट्र-संतों के प्रवचनों में छत्तीस कौम की जनता उमड़ती है और ये हर विषय पर प्रवचन देते हैं। राष्ट्र संत हैदराबाद के हैदराबाद के नुमाइश मैदान में ऐतिहासिक चातुर्मास पूरा करने के बाद राजस्थान की ओर जा रहे हैं इस बीच में 1 दिवसीय प्रवास पर सीतामऊ आ रहे हैं।
संघ के विवेकानंद, नवदीप पोरवाल, वैभव जैन, नितेश पटवा, राजेंद्र भंसाली, सुरेंद्र ओस्तवाल, सुरेश दशेड़ा, पारस जैन दीपाखेड़ा ने बताया कि राष्ट्र-संत जितना मिठास से जीवन जीने की प्रेरणा देते हैं उतना ही अपने जीवन में प्रेम और मिठास को घोले रखते हैं। पूरे देशभर में लगभग 50 हजार किलोमीटर की पदयात्रा कर चुके इन राष्ट्र-संतों की संस्कार-निर्माण, व्यक्तित्व-विकास और जीवन-मूल्यों पर दी गई प्रेरणाएँ जनमानस में नई ऊर्जा का संचार करती हैं। अपनी प्रभावी प्रवचन शैली के लिए पूरे देश भर में लोकप्रिय इन राष्ट्र-संतों के जीवन और व्यवहार में धार्मिक समरसता की अद्भुत शक्ति है। देशभर में छत्तीस कौम के लोग इन संतों से जुड़े हुए हैं।
रविवार को होने वाले विराट प्रवचन में राष्ट्र-संत जीवन-निर्माण, व्यक्तित्व-निर्माण, स्वास्थ्य-सुधार, पारिवारिक प्रेम, केरियर, धर्म, अध्यात्म, ध्यान योग और समाज-निर्माण से जुड़े विषयों पर प्रवचन देंगे। यह प्रवचन कार्यक्रम जीवन जीने की कला सीखने के लिए, व्यक्तित्व और करियर का निर्माण करने के लिए, जिंदगी में आरोग्य, आनंद, प्रेम और शांति लाने के लिए, परिवार और रिश्तों में संस्कारों का संचार करने के लिए यह प्रवचन सभी के लिए वरदान बनेगा। क्रोध, अहंकार, मानसिक चिंता और तनाव को जिंदगी से भगाने के लिए इस विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया है। जिन राष्ट्रसंतों को सोशल मीडिया पर करोड़ों लोग देख और सुन चुके हैं उन्हें लाइव सुनने का ये सुनहरा अवसर आया है।
रविवार को राष्ट्र-संतों के नागरिक अभिनंदन के साथ ज्ञानगंगा एवं सत्संग का महाकुंभ प्रारंभ होगा जिसमें जीवन को कैसे स्वर्ग बनाएं विषय पर सार्वजनिक प्रवचन होगा।
इस कार्यक्रम में समस्त जैन समाज के साथ समस्त राजस्थानी समाज, गुजराती समाज, मारवाड़ी समाज के सभी श्रद्धालु भाई-बहन भाग लेंगे।
कार्यक्रम को विराट रूप में मनाने के लिए अलग-अलग समितियों का गठन किया गया है।
संघ द्वारा सीतामऊ के समस्त भाई बहनों को समारोह में भाग लेने के लिए सादर आमंत्रित किया गया है।